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UP Cabinet Meeting : योगी सरकार कैबिनेट ने घाघरा को दी ये नई पहचान !

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लखनऊ। सोमवार को प्रदेश में योगी कैबिनेट ने पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू करने के साथ ही कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी है। योगी आदित्यनाथ सरकार की कैबिनेट ने प्रदेश की अहम नदी घाघरा नदी का नाम बदलकर सरयू कर दिया है।

अब घाघरा नदी सरयू के नाम से जानी जाएगी। यूपी सरकार ने राजस्व विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। नदी का नाम बदलने के इस प्रस्ताव को आगे की मंजूरी के लिए गृहमंत्रालय भेजा जाएगा। वहां से अनुमति मिलने पर सरकार के सभी अभिलेखों में यह नाम परिवर्तन दर्ज हो जाएगा।

असल में घाघरा नदी नेपाल में कर्णाली व चीन में जियागेलाहे के नाम से जानी जाती है। उत्तरी भारत में यह गंगा की प्रमुख सहायक नदी है। सरयू नदी यूपी के कई जिलों में अलग-अलग नाम से जानी जाती है। हिमालय से निकल कर नेपाल होते हुए घाघरा भारत में ब्रह्मघाट स्थान पर शारदा नदी से मिलती है ।

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नेपाल से बहराइच होते हुए गोंडा तक यह घाघरा नदी कहलाती है जबकि गोंडा के आगे यह सरयू नदी कहलाती है। सरकार ने अब पूरी नदी का नाम सरयू कर दिया है। सरयू नदी कई जिलों में अलग-अलग नाम से जानी जाती है. नेपाल से बहराइच होते हुए गोंडा तक यह घाघरा नदी कहलाती है जबकि गोंडा के आगे यह सरयू नदी कहलाती है।

सरकार ने अब पूरी नदी को सरयू नदी नाम दे दिया है। यह नदी दक्षिणी तिब्बत के ऊंचे पर्वत शिखर में मापचाचुंगो हिमनद से निकलती है और उत्तर प्रदेश में बहराइच, सीतापुर, गोंडा, बाराबंकी, अयोध्या, अंबेडकरनगर, मऊ, बस्ती, गोरखपुर, लखीमपुर खीरी और बलिया से होकर गुजरती है।

यह गंगा की सबसे बड़ी सहायक नदी है। निचली घाघरा नदी को सरयू के नाम से भी जाना जाता है. अयोध्या इसके दाएं किनारे पर स्थित है। कैबिनेट ने इसका नाम बदलकर सरयू करने के प्रस्ताव पर सहमति दे दी है। अब राजस्व अभिलेखों में इसका नाम सरयू दर्ज किया जाएगा।

घाघरा के नाम परिवर्तन संबंधी प्रस्ताव को केंद्र सरकार के पास भेजने के लिए भी योगी कैबिनेट ने अपनी मंजूरी दे दी है। केंद्र की मंजूरी मिलने के बाद ही घाघरा, सरयू नदी कहलाएगी।

योगी सरकार कैबिनेट ने घाघरा को दी ये नई पहचान !
Ghaghra River
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