Jan Sandesh Online hindi news website

मेरठ के युवक को गिरफ्तार किया गया कांग्रेस विधायक के भतीजे पर 51 लाख का इनाम रखने पर

0

मेरठ । सोशल मीडिया पर भड़ाकाऊ वीडियो डालकर कांग्रेस विधायक के भतीजे के सिर पर 51 लाख का इनाम रखने वाला मेरठ का युवक शाहजेब रिजवी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने बताया कि वीडियो डालने के बाद से ही यह भूमिगत हो गया था। जिसकी तलाश पुलिस कर रही थी। वीडियो डालकर युवक ने मेरठ और प्रदेश (Utter Pradesh) में हिंसा भड़काने का प्रयास किया था। यह खुलासा भी किया है कि आरोपित पूर्व में सपा से चुनाव भी लड़ चुका है। इस दौरान उसने तत्‍कालिक मुख्‍यमंत्री अखिलेश (Former UP CM Akhilesh Yadav) को सोने की साइकिल भी भेंट की थी।

इंस्पेक्टर मनीष बिष्ट ने बताया कि पुलिस आरोपित की तलाश में दबिश दे रही थी। शाम करीब साढ़े सात बजे सूचना मिली की वह पिलौना मोड़ पर खड़ा है। इसी आधार पर घेराबंदी कर आरोपित को दबोच लिया। हालांकि रातभर वह थाने पर रहेगा और आलाधिकारी पूछताछ करेंगे। ऐसे समय में भड़काऊ वीडियो वायरल का संबंध किसी संगठन से तो नहीं है। सीओ बृजेश कुमार ने बताया कि पूछताछ के बाद कुछ कहा जा सकता है आखिर ऐसा क्यों किया?

और पढ़ें
1 of 2,068

गिरफ्तारी को ताबड़तोड़ दबिश

आरोपित शाहजेब भूमिगत हो गया था। दूसरे दिन शुक्रवार भी पुलिस ने रसूलपुर समेत कई स्थानों पर ताबड़तोड़ दबिश दी लेकिन सुराग नहीं लगा। जबकि पुलिस जल्द गिरफ्तारी का दावा कर रही थी। पुलिस यह भी जांच कर रही थी कि शाहजेब क्या काम करता है। वह महंगी गाड़ी रखने का शौकीन है और गांव में जमीन भी खरीदी थी। बताते हैं कि वह सऊदी अरब में भी रहा था।

क्‍या था वीडियो में

बेंगलुरु हिंसा से आहत होकर मोहम्‍मद साहब पर आपत्तिजनक पोस्‍ट डालने वाले आरोपित कांग्रेस विधायक अखंड श्रीनिवास मूर्ति के भतीजे का सिर कलम करके लाने वाले को 51लाख रुपये का इनाम देन की घोषण कर दिया। कहा था कि अगर कोई भी युवक का सिर लेकर आएगा तो उसे 51 लाख रुपये का इनाम दिया जाएगा। इस वीडियो के अपलोड करते ही सोशल मीडिया पर यह तेजी से वायरल होने लगी। पुलिस ने बताया कि मुखबीर की सुचना पर युवक को पकड़ने की पुलिस ने रणनीति बनाई।

Disclaimer : इस न्यूज़ पोर्टल को बेहतर बनाने में सहायता करें और किसी खबर या अंश मे कोई गलती हो या सूचना / तथ्य में कोई कमी हो अथवा कोई कॉपीराइट आपत्ति हो तो वह jansandeshonline@gmail.com पर सूचित करें। साथ ही साथ पूरी जानकारी तथ्य के साथ दें। जिससे आलेख को सही किया जा सके या हटाया जा सके ।

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.