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छत्तीसगढ़ : मुखबिरी के शक में नक्सलियों ने की दो ग्रामीणों की हत्या

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सुकमा/बीजापुर, नक्सलियों ने किस्टाराम इलाके में पर्चा जारी कर दो ग्रामीणों की हत्या की जिम्मेदारी ली है। उन्होंने पर्चे में लिखा है कि पुलिस की मुखबिरी के चलते इन्हें जन अदालत में मौत की सजा दी गई है। नक्सलियों के किस्टाराम एरिया कमेटी के हवाले से जारी इस पर्चे में 17 नवंबर को बड़े केडवाल निवासी पोडियम बलराम की जन अदालत लगाकर हत्या करने की बात लिखी गई है। वहीं पामलूर निवासी कोवासी गंगा की भी पुलिस की मुखबिरी करने के शक में हत्या करने का जिक्र है। जिले के किस्टाराम इलाके में फेंके गए इस पर्चे में लिखा है कि कोवासी गंगा का भाई कोवासी रमेश उनके हाथों से छूटकर भाग निकला है, जो नेल्लगुड़ा इलाके में छिपा हुआ है।

एसपी केएन ध्रुव ने बताया कि किस्टाराम इलाके में एक युवक की हत्या की जानकारी मिली है। दूसरी हत्या की पुष्टि करने के लिए टीम भेजेंगे। हालांकि इस बारे में थानों तक किसी प्रकार की सूचना नहीं पहुंची है।
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बताया जाता है कि दोनों युवकों की मौत की खबर दहशत के चलते थानों तक नहीं पहुंची है। एसपी केएन ध्रुव ने बताया कि किस्टाराम इलाके में एक युवक की हत्या की जानकारी मिली है। दूसरी हत्या की पुष्टि करने के लिए टीम भेजेंगे। हालांकि इस बारे में थानों तक किसी प्रकार की सूचना नहीं पहुंची है। नक्सली निर्दोष ग्रामीणों की मुखबिरी के शक में हत्या कर दहशत फैलाने का काम कर रहे हैं।

पांच लाख के इनामी कोरसा पर 24 मामले दर्ज

सत्यम कट्टम उधर बीजापुर में जिला बल और केंद्रीय रिजर्व पुलिस 85वीं बटालियन के संयुक्त बल ने शनिवार को गंगालूर थाना क्षेत्र में सावनार निवासी पांच लाख के इनामी नक्सली कोरसा दसरू उर्फ सुरेश (45) को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है। वह 2006 से नक्सलियों के मद्देड़ एरिया कमेटी से जुड़ा था। उसके खिलाफ अलग-अलग थानों में हत्या, हत्या का प्रयास, मारपीट, लूट, आगजनी सहित कुल 24 अपराध पंजीबद्ध हैं। जिले के थानों में 17 स्थाई वारंट लंबित हैं। वहीं एक अन्य घटना में उसूर थाना के जिला बल और केंरिपु 229/एफ समवाय के बल ने गलगम से नक्सली सत्यम कट्टम (31) को गिरफ्तार किया है। वह लूटपाट और मारपीट की घटना में शामिल रहा।

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