प्रदेशउत्तर प्रदेशफैशन की दुनिया में तहलका मचा देंगे बांस से बने पैंट-शर्ट, साड़ी...

फैशन की दुनिया में तहलका मचा देंगे बांस से बने पैंट-शर्ट, साड़ी और चादर, कई खूबियां हैं इनमें

कानपुर रोजाना बदलती फैशन की दुनिया में बहुत जल्द बांस से बने पैंट-शर्ट, साड़ी आैर चादर तहलका मचाने आने वाले हैं। कई खूबियों वाला ये कपड़ा शरीर के लिए आरामदायक और पर्यावरण संरक्षण में सहायक होगा। आइआइटी दिल्ली के पुरातन छात्र अनुभव मित्तल और उनकी पत्नी विभा मित्तल ने आइआइटी कानपुर के इनोवेशन एंड इंक्यूबेशन सेल के सहयोग से बांस के फाइबर से कपड़ा बनाने में सफलता पाई है।फैशन की दुनिया में तहलका मचा देंगे बांस से बने पैंट-शर्ट, साड़ी और चादर, कई खूबियां हैं इनमें

अभी छोटे स्तर पर शुरू किया उत्पादन

बांस के फाइबर से निर्मित कपड़े से पैंट-शर्ट, साड़ी और बेड-शीट, चादर आदि भी बनाए जा सकेंगे। एंटी बैक्टीरियल तत्वों की मौजूदगी के कारण इनमें पसीने की बदबू भी नहीं आएगी। ये पॉलीएस्टर के बेहतर विकल्प संग फैशनेबल भी होंगे। अनुभव ने वर्ष 2002 में टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी से बीटेक किया है, जबकि उनकी पत्नी विभा एनआइएफडी दिल्ली से पासआउट हैं।

इसलिए डिजाइनिंग व फैशन के लिहाज से कपड़े और बेहतर होंगे। उनके मुताबिक, बायोमाइज नाम से कंपनी पंजीकृत कराकर फार्मूले को पेटेंट कराने के साथ छोटे स्तर पर उत्पादन भी शुरू कर दिया है। फैशन क्षेत्र से जुड़ी देश व विदेश की कई नामी कंपनियों से करार हो चुका है। कोरोना संक्रमण से निजात मिलते ही उत्पादन तेजी से होगा।

कॉटन के मुकाबले थोड़े महंगे

अनुभव बताते हैं, बांस का फाइबर भी सिंथेटिक फाइबर की तरह है। इसे कॉटन और नेचुरल फाइबर के साथ आसानी से मिक्स कर सकते हैं, जबकि पॉलीएस्टर प्लास्टिक से तैयार होने के कारण पर्यावरण के लिए नुकसानदायक है। इसीलिए बांस के फाइबर से निर्मित कपड़ों की फैशन के क्षेत्र में काफी मांग है। बस, कॉटन के मुकाबले इसके कपड़े कुछ महंगे होंगे।

कपड़े की खूबियां

  • एंटी बैक्टीरियल होने के चलते सेहत के लिए फायदेमंद होंगे।
  • कपड़ों से पसीने की बदबू नहीं आएगी।
  • रिंकल फ्री होंगे, जिनकी वर्तमान में अधिक है मांग।
  • कॉटन की तरह कपड़े हवादार और राहत भरे होंगे।
  • शरीर को नुकसान नहीं पहुंचाएंगे।

अनुभव की यह हैं उपलब्धियां

  • कोरिया में के-स्टार्टअप ग्रैंड चैलेंज 2020 में दुनिया भर के नामी स्टार्टअप में चुना गया।
  • नीदरलैंड की संस्था फैशन फॉर गुड ने ईको फ्रेंडली कार्य कर रहीं दुनिया की 21 कंपनियों में शामिल किया।
  • सरकार के आत्म निर्भर कृषि अभियान में भी शामिल हुई।

Hot this week

पुनर्नवीनीकरण चिकित्सा उपकरण: आत्मनिर्भर भारत के लिए खतरा या अवसर?

भारत में चिकित्सा उपकरणों के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में तेज़ी से बढ़ रहे प्रयासों के बीच, पुनर्नवीनीकरण और पुराने चिकित्सा उपकरणों के आयात की अनुमति देने वाली नीति पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। भारतीय चिकित्सा उपकरण निर्माताओं के संगठन, इमेजिंग, थेरेपी और रेडियोलॉजी उपकरण निर्माताओं के संघ, भारत के नैदानिक उपकरण निर्माताओं […]

बेलागवी दहशत: बच्चों का अपहरण और पुलिस का एनकाउंटर

बेलागवी में हुए बच्चों के अपहरण के मामले ने पूरे राज्य में हलचल मचा दी है। शुक्रवार तड़के अथणी, बेलागवी जिले में पुलिस ने एक संदिग्ध को गोली मारकर घायल कर दिया, जो दो बच्चों के अपहरण में शामिल था। पुलिस ने अपहरण के बाद फरार हुए संदिग्धों की गाड़ी की पहचान करने के बाद […]

ईरान-इस्राइल तनाव: क्या है अगला कदम?

ईरान और इस्राइल के बीच हाल ही में हुए सैन्य संघर्ष ने क्षेत्रीय तनाव को काफी बढ़ा दिया है। इस्राइल द्वारा लगातार हवाई हमलों के बाद, ईरान ने प्रतिक्रिया देने की धमकी दी है, जिससे स्थिति और अधिक जटिल हो गई है। इस घटनाक्रम ने क्षेत्र में शांति और स्थिरता के लिए गंभीर चिंता पैदा […]

आंध्र प्रदेश में स्व-सहायता समूहों का उल्लेखनीय सशक्तिकरण

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू के हर परिवार में एक उद्यमी बनाने के विजन के अनुरूप, एमएसएमई और ग्रामीण गरीबी उन्मूलन मंत्री,कोंडापल्ली श्रीनिवास ने सभी संबंधित विभागों से सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया है। राज्य ग्रामीण गरीबी उन्मूलन एजेंसी कार्यालय में आज आयोजित एक समन्वय बैठक के दौरान, उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों के […]

Related Articles

Popular Categories