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मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल की पहली कैबिनेट का विस्तार, 43 मंत्रियों को दिलाई गई पद एवं गोपनीयता की शपथ

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मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल की पहली कैबिनेट का विस्तार, 43 मंत्रियों को दिलाई गई पद एवं गोपनीयता की शपथ

उमाकांत गौतम की रिपोर्ट

मोदी सरकार में बुधवार को दूसरे कार्यकाल के पहले कैबिनेट विस्तार में 43 मंत्रियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। जिसमें 7 मंत्रियों के प्रमोशन के साथ 37 नए चेहरे शामिल किया गया है। हालाकि मई 2019 में 58 मंत्रियों के साथ प्रधानमंत्री मोदी ने अपने दूसरे कार्यकाल की शुरुआत की थी। जिसके बाद कुछ मंत्रियों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। नए मंत्रिमंडल के विस्तार को लेकर करीब पिछले 2 हफ्ते से कवायद चल रही थी। ऐसा माना जा रहा है कि 2024 में अगले लोकसभा चुनाव है जिसके चलते कई जातिगत और क्षेत्रीय समीकरणों को साधने का प्रयास किया जा रहा है जिसके लिए नए चेहरों को जगह दी गई है। 

मोदी कैबिनेट में शपथ लेने वाले मंत्रियों की सूची-
अनुप्रिया पटेल(अपना दल),      (मिर्जापुर से एम.पी.)
मीनाक्षी लेखी(बीजेपी),            (नई दिल्ली से एम.पी.)
अनुपपूर्णा देवी(बीजेपी),           (झारखंड के कोडरमा से एम.पी.)
प्रतिमा भौमिक,                       (त्रिपुरा वेस्ट से एम.पी.)
कौशल किशोर(बीजेपी),           ( यूपी के मोहनलालगंज से एम.पी.)
पंकज चौधरी,                         (यूपी के महाराजगंज से एम.पी.)
बीएल वर्मा(बीजेपी),                (यूपी के राज्यसभा से सदस्य)
भानू प्रताप सिंह वर्मा(बीजेपी)   (यूपी के जालौन से एम.पी.)
ज्योतिरादित्य सिंधिया,              (मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद)
नारायण राणे,                       (महाराष्ट्र के पूर्व सीएम और राज्यसभा सांसद)
पशुपति पारस,                      (बिहार के हाजीपुर से एम.पी.)
अश्विनी वैश्नव(बीजेपी),           (ओडिशा से राज्यसभा के एम.पी.)
भूपेंद्र यादव,                         (राजस्थान से राज्यसभा एम.पी.)
अनुराग सिंह ठाकुर,               (केन्द्रीय राज्य मंत्री)
सत्य पाल सिंह बघेल,             (आगरा से बीजेपी एम.पी.)
सत्य पाल सिंह बघेल(बीजेपी)   (आगरा से एम.पी.)
शोभा करणडालजे(बीजेपी),    (कर्नाटक के उडुपी से  एम.पी.)
राजीव चंद्रशेखर,                   (कर्नाटक से राज्यसभा बीजेपी सदस्य)
रामचंद्र प्रसाद सिंह,                (जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष)
सर्बानंद सोनोवाल,                 (असम के पूर्व मुख्यमंत्री)
विरेंद्र कुमार(बीजेपी),             (मध्य प्रदेश की टीकमगढ़ से एम.पी.)
दर्शन विक्रम(बीजेपी),             (सूरत से एम.पी.)
ए. नारायण सामी(बीजेपी),      (कर्नाटक के चित्रदुर्ग से एम.पी.)
अजय भट्ट(बीजेपी),                (उत्तराखंड के नैनीताल-ऊधमसिंह नगर से एम.पी.)
अजय कुमार(बीजेपी),             (खीरी से सांसद)
कपिल पाटिल,                       (महाराष्ट्र के भिवंडी से एम.पी.)
भगवंथ खूबा,                         (कर्नाटक के बीदर से एम.पी.)
भागवत कराद,                       (महाराष्ट्र से राज्यसभा सदस्य)
देवसिंह चौहान,                      (गुजरात के खेड़ा से एम.पी.)
भागवत कराद,                      (महाराष्ट्र से राज्यसभा सदस्य)
सुभाष सरकार,                      (पश्चिम बंगाल के बांकुरा से एम.पी.)
जॉन बराला,                          (पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार से एम.पी.)
शांतुन ठाकुर,                         (पश्चिम बंगाल के बनगांव से एम.पी.)
भारती प्रवीण पवार,                (महाराष्ट्र के डिंडौरी से एम.पी.)
मुंजापारा महेंद्र,                       (गुजरात के सुरेंद्रनगर से एम.पी.)
निशित प्रमाणिक,                    (पश्चिम बंगाल के कूचबिहार से एम.पी.)
विशेश्वर टूडू,                           (ओडिशा के मयूरभंज से एम.पी.)
राज कुमार रंजन सिंह,             (भीतरी मणिपुर से एम.पी.)
एल मुर्गुन,                              (संसद के किसी सदन के सदस्य नहीं)
किरण रिजीजू,                       (खेल राज्य मंत्री, अब प्रमोशन)
हरदीप पुरी,                           (शहरी विकास राज्य मंत्री, अब प्रमोशन)
पुरुषोत्तम रुपाला,                   (कृषि राज्य मंत्री, अब प्रमोशन)
राज कुमार सिंह,                    (ऊर्जा राज्यमंत्री, अब प्रमोशन)
जी किशन रेड्डी,                      (गृह राज्य मंत्री, अब प्रमोशन)
मनसुख मंडाविया,                  (रसायन और उर्वरक राज्य मंत्री, अब प्रमोशन)

किन किन मंत्रियों ने दिया इस्तीफा-
कैबिनेट के विस्तार होने से पहले ही कई नेताओं ने अपना इस्तीफा सौंप दिया जिसमें केन्द्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद और सूचना प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर समेत कई अन्य नेताओं ने अपना इस्तीफा दिया।

कैबिनेट विस्तार से पहले कई नेताओं ने  जिसमें सबसे बड़े नाम रविशंकर प्रसाद का था.  रविशंकर प्रसाद के साथ ही सूचना प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर, केंद्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री डी वी सदानंद गौड़ा, केन्द्रीय कानून मंत्री स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन, श्रम मंत्री संतोष गंगवार और शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, शिक्षा राज्य मंत्री संजय धोत्रे, राव साहब दानवे, रतन लाल कटारिया, प्रताप सारंगी, वन और पर्यावरण राज्य मंत्री बाबुल, देव श्री बैनर्जी  सुप्रियो समेत कई मंत्रियों ने इस्तीफा दे दिया।