लखनऊ। कोरोना का खौफ आम आदमी की थाली तक जा पहुंचा है। इस कारण रोजमर्रा में प्रयोग होने वाली वस्तुओं में बीते दिनों की तुलना में सब्जियों के भाव में काफी उछाल आ गया है। राजधानी लखनऊ में आलू, प्याज, टमाटर, गोभी, भिंडी और बैंगन के रेट में अचानक उछाल आ गया है। इसकी प्रमुख वजह कोरोना को लेकर जहां एक साथ एक दो दिन नहीं, बल्कि सप्ताह भर के लिए सब्जी तक भी स्टोर कर रहे हैं । वहीं व्यापारी ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में सब्जियों की ब्लैक मार्केटिंग कर रहे है।
बातचीत में सब्जी के थोक व्यापारी निलेश सोनकर ने बताया कि ट्रांसपोर्टेशन बंद होने की वजह से सब्जियां लखनऊ पहुंच नहीं पा रही है । वहीं सब्जियों की नहीं आ पाने के कारण फुटकर व्यापारी दाम को बढ़कर ठेले वालों को दे रहे है। जिसके कारण सब्जियों के दाम आचानक बढ़ गए है। सब्जी के थोक व्यापारी सोनकर कहते हैं कि कोरोना की वजह से आ लोग मंडी जाने से बच रहे है। ऐसे में सब्जियों के ठेले वालों से लोग महंगे दामों में सब्जियां खरीद रहे है। वहीं लखनऊ की सब्जी मंडियों में अब नया माल नहीं आ रहा है।
आदर्श व्यापार मंडल लखनऊ के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने बताया कि अगर कोई सब्जी महंगी बेचता है तो जिला प्रशासन उसपर कड़ी कार्रवाई करे. उन्होंने सरकार से मांग करते हुए कहा कि जिला प्रशासन को सरकारी स्टाल लगाकर सब्जियों को उपलब्ध कराना चाहिए। व्यापार मंडल के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने एक बार फिर से लोगों से अपील की कोई भी व्यक्ति जमाखोरी ना करें।
बता दें कि आलू 24 से 28 रुपए किलो था, लेकिन अब 50 रुपए किलो हो गया। टमाटर का भाव भी सब्जी मंडी में 20 रुपए किलो से 50 रुपए किलो तक पहुंच गया। बैंगन का भाव 60 रुपए किलो तक हो गया। भिंडी 100 रुपए किलो और अरवी का भाव 120 रुपए किलो तक पहुंच गया है।
पीलीभीत की एक महिला में कोरोनावायरस की पुष्टि होने के बाद यूपी में इससे संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 30 हो गई है। इससे पहले रविवार को तीन लोगों में कोरोना की पुष्टि हुई थी। हालांकि प्रदेश में अभी तक 11 लोग कोरोना से ठीक हो चुके हैं. आगरा में 8, गाजियाबाद में 2, नोएडा में 8, लखनऊ में 8, लखीमपुर खीरी, पीलीभीत, मुरादाबाद और वाराणसी में एक-एक मरीजों में कोरोना को पुष्टि हुई है । अब तक कुल 1187 टेस्ट निगेटिव पाए गए हैं. 96 के टेस्ट रिपोर्ट का इंतज़ार है।
