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बिहार में अपनी पुरानी जमीन तलाशने की कोशिश कर रहे वाम दल महा गठबंधन के साथ तालमेल कर

बिहार में अपनी पुरानी जमीन तलाशने की कोशिश कर रहे वाम दल महा गठबंधन के साथ तालमेल कर

पटना । बिहार में इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव में वामपंथी दलों ने अपनी सीटें बढ़ाने के लिए विपक्षी दलों के महागठबंधन में शामिल होकर चुनाव मैदान में उतरने की तैयारी में है। ऐसे में हालांकि अब तक सीट बंटवारे को लेकर पत्ते नहीं खोले जा रहे हैं, लेकिन प्रभाव वाले क्षेत्रों में तैयारी शुरू कर दी गई है।

वामपंथी दलों के भरोसेमंद सूत्रों के मुताबिक, वामपंथी दल के नेताओं ने राज्य के 18 जिलों के विधानसभा क्षेत्रो में चुनाव लड़ने की मंशा जताते हुए राजद को सीटों की सूची सौंप दी है।

एक राजद नेता ने बताया कि वामपंथी दलों के नेताओं के साथ दो चरणों की बात हो चुकी है। उन्होंने हालांकि यह भी कहा कि सीट इस दोस्ती के आड़े नहीं आएगी। राजद के सूत्रों का कहना है कि महागठबंधन में शामिल सभी दल बात कर अपनी इच्छा वाली सीटों की सूची सौंपेंगे, उसके के बाद मिल-बैठकर रणनीति को अंतिम रूप दिया जाएगा।

भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा), मार्क्‍सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) और भाकपा (माले) के शिष्टमंडल ने चुनावी रणनीति पर राजद के साथ चर्चा की है।

पिछले विधानसभा चुनाव में भाकपा (माले) के तीन विधायक जीतकर आए थे। पिछले चुनाव में माले ने 99 सीटों पर, भाकपा ने 98 और माकपा ने 43 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे। इनमें से मात्र माले के ही तीन प्रत्याशी विधानसभा पहुंच सके थे।

वर्ष 2010 में हुए विधानसभा चुनाव में वामपंथी दलों में भाकपा 56, माकपा 30 और माले ने 104 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे। उस चुनाव में इन दलों को सिर्फ एक सीट मिली थी। इस अनुभव के आधार पर वामपंथी दल आगामी चुनाव में अपनी स्थिति को सुधारने में जुटी है।

माकपा के राज्य सचिव अवधेश कुमार ने कहा, “हमें उम्मीद है कि महागठबंधन से तालमेल होगा। बहुत जल्द ही स्थिति स्पष्ट हो जाएगी। सीट को लेकर कोई टकराव नहीं होगा। जदयू और भाजपा को हटाने के लिए यह समय की मांग है कि सभी मिलकर चुनाव लड़ें।”

इधर, राजद के प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी भी कहते हैं कि वामपंथी दल के नेताओं ने महागठबंधन में शामिल होने की इच्छा व्यक्त की है। महागठबंधन मजबूत हो रहा है और कई दल इससे जुड़ने की इच्छा रखते हैं।

इससे पहले भी भाकपा और माकपा ने राजद या जनता दल के साथ गठबंधन में रहे हैं, लेकिन यह पहली बार होगा जब भाकपा (माले) भी राजद के इस गठबंधन में होगी।

भाकपा (माले) के राज्य सचिव कुणाल कहते हैं कि हमलोग भी महागठबंधन से चुनाव लड़ने को तैयार हैं। बिहार विधानसभा में राजद से अगर तालमेल होता है तो यह विधानसभा का पहला चुनाव होगा।

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