Home स्वास्थ्य-जीवनशैली लड़कियों की छाती कैसे बढ़ती ???

लड़कियों की छाती कैसे बढ़ती ???

16
0

डेस्क रिपोर्ट:

जैसे कि हम जानते हैं, जब लड़की किशोरावस्था में आती हैं; तब उसके शरीर में कई सारे बदलाव होते हैं। यह शारीरिक बदलाव होने के बाद ब्रेस्ट में भी बदलाव देखा जाता है। अन्य शारीरिक विकास होने के साथ-साथ; किशोरावस्था के दौरान लड़कियों के जननांगों और स्तनों में भी विकास देखने को मिलता है।प्यूबर्टी के दौरान, लड़कियों के स्तन का आकार बदलने लगता है और बढ़ने भी लगता है। ऐसा कह सकते हैं; कि किशोरावस्था के समय से ही लड़कियों के ब्रेस्ट बढ़ने की शुरुआत हो जाती हैं। लड़कियों के जब पीरियड शुरू होते हैं; तब उनके शरीर में प्रोजेस्ट्रोन और एस्ट्रोजन नामक हार्मोन का स्तर बढ़ने लगता है।इसी कारणवश, लड़कियों के स्तनों का आकार बढ़ सकता है। अक्सर कहा जाता है: कि शादी के बाद लड़कियों के स्तनों का आकार बड़ा हो जाता है।

लेकिन, पूरी तरीके से यह सही नहीं हो सकता। हालांकि, शादी के बाद सहजीवन शुरू करने के बाद एक लड़की के जीवन और शरीर में भी बदलाव देखे जाते हैं। शादी होने के बाद प्रेगनेंसी के दौरान महिलाओं के शरीर में कई हार्मोनल बदलाव होते हैं; जिसकी वजह से ब्रेस्ट का आकार बढ़ सकता है।डिलीवरी होने के बाद जब नवजात शिशु अपनी मां का दूध पीने लगता है; उस दौरान भी एक महिला के स्तनों के आकार में वृद्धि देखी जा सकती है। इसी के साथ, आजकल गलत खानपान की पद्धति के कारण लड़कियां मोटापा का शिकार होती जा रही है।

ऐसे में, अगर कम उम्र में ही अधिक मोटापा हो जाता है; तो वजन बढ़ने के कारण भी लड़कियों के स्तनों का आकार बड़ा हो जाता है।किशोरावस्था के दौरान, लड़कों की तुलना में लड़कियों का शारीरिक विकास बहुत ही तेजी से होता है। लड़कियों में किशोरावस्था की औसतन उम्र 11=साल होती है। 8साल से लेकर 15साल तक लड़कियों में प्यूबर्टी का दौर देखा जाता है।ऐसा कहा जाता है; कि आजकल लड़कियां काफी कम उम्र में “बड़ी” बन रही है। इसके पीछे कई कारण मौजूद होते हैं। लेकिन, अध्ययन के अनुसार, प्यूबर्टी के 5सालों में ही लड़कियां पूर्ण यौन परिपक्वता प्राप्त कर लेती है। किशोरावस्था के दौरान ही लड़कियों के शरीर में हारमोंस के तेज बदलाव देखे जाते हैं

Text Example

Disclaimer : इस न्यूज़ पोर्टल को बेहतर बनाने में सहायता करें और किसी खबर या अंश मे कोई गलती हो या सूचना / तथ्य में कोई कमी हो अथवा कोई कॉपीराइट आपत्ति हो तो वह [email protected] पर सूचित करें। साथ ही साथ पूरी जानकारी तथ्य के साथ दें। जिससे आलेख को सही किया जा सके या हटाया जा सके ।