लंबे समय बाद किसानों को मिल सकती है MSP की गारंटी, केंद्र सरकार ने बनाई समिति

admin
By admin
2 Min Read

डेस्क। लंबे समय तक चला किसान आन्दोलन करीब सात महीने पहले समाप्त हो गया है। इसके समाप्त होने के बाद केंद्र सरकार ने सोमवार को ‘शून्य-बजट आधारित खेती को बढ़ावा देने’ और ‘न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी)’ को और अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए एक समिति का गठन किया है। 

बता दें कि आंदोलन की समाप्ति के समय घोषित एमएसपी पर किसी भी कानूनी गारंटी के बारे में अभी फैसला नहीं लिया गया है। जबकि एआप जानते होंगे कि एमएसपी की गारंटी ही किसान संघों के संयुक्त किसान मोर्चा की प्रमुख मांगों में से एक है।

कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी एक अधिसूचना में बताया गया है कि, “माननीय प्रधान मंत्री की घोषणा के अनुसार देश की बदलती जरूरतों को ध्यान में रखते हुए फसल पैटर्न बदलने के लिए और शून्य बजट आधारित खेती को बढ़ावा देने के साथ ही एमएसपी को और अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए एक समिति को गठित किया जाना है।

जानकारी के मुताबिक इस समिति में केंद्र सरकार और राज्य सरकारों के प्रतिनिधि, किसान, कृषि वैज्ञानिक और कृषि अर्थशास्त्री भी शामिल होंगे। इस समिति की अध्यक्षता पूर्व कृषि सचिव संजय अग्रवाल के द्वारा की जाएगी और इसमें कुल 26 सदस्य रहेंगे।

इसके अलावा इस कमेटी में तीन सदस्य संयुक्त किसान मोर्चा से हैं। हालांकि उनके नामों का उल्लेख अभी नहीं किया गया है। वहीं इस समिति ने अन्य किसान समूहों के प्रतिनिधियों के नामों की घोषणा कर दी है।

कमेटी में गुणवंत पाटिल, कृष्णवीर चौधरी, प्रमोद कुमार चौधरी, गुनी प्रकाश और सैय्यद पाशा पटेल जैसे अन्य किसान संगठनों के सदस्य शामिल हैं।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *