LPG Cylinder Delivery Rule 2026: हर घर की रसोई गैस सिलेंडर के बिना अधूरी है। चाहे सुबह की चाय बनानी हो या रात का खाना, हमारी दिनचर्या एलपीजी (LPG) के इर्द-गिर्द ही घूमती है। अगर आप भी अपने घर में एलपीजी सिलेंडर या पीएनजी (पाइप वाली गैस) का इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है।
1 जुलाई 2026 से गैस सिलेंडर की बुकिंग, डिलीवरी और सब्सिडी को लेकर कई बड़े बदलाव लागू हो गए हैं। सरकारी तेल कंपनियों (जैसे इंडेन, भारत गैस और एचपी गैस) ने इन नियमों को इसलिए बदला है ताकि गैस की कालाबाजारी रोकी जा सके और आम जनता को बेहतर व पारदर्शी सुविधाएं मिल सकें। आइए, एक दोस्त की तरह बिल्कुल आसान भाषा में समझते हैं कि 1 जुलाई से आपकी रसोई गैस से जुड़े कौन-कौन से नियम बदल गए हैं और आपको किन बातों का ध्यान रखना है।
गैस डिलीवरी का नया नियम: अब बिना OTP और DAC के नहीं मिलेगा सिलेंडर
पहले हम गैस बुक करते थे और डिलीवरी वाला आकर चुपचाप सिलेंडर दे जाता था। लेकिन अब सिर्फ बुकिंग करने से काम नहीं चलेगा।
नए नियम के मुताबिक, अब एलपीजी गैस सिलेंडर की डिलीवरी के लिए ‘ओटीपी’ (OTP) और ‘डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड’ (DAC) को अनिवार्य कर दिया गया है। जब आप अपना सिलेंडर बुक करेंगे, तो आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक ओटीपी आएगा। जब डिलीवरी बॉय आपके घर सिलेंडर लेकर आएगा, तो आपको वह ओटीपी उसे बताना होगा।
अगर किसी वजह से आपके पास बुकिंग की रसीद नहीं है, तब भी यह ओटीपी बताकर आप अपना सिलेंडर ले सकते हैं। ध्यान रखें, जब तक आप यह कोड (DAC/OTP) डिलीवरी एजेंट को नहीं देंगे, तब तक डिलीवरी पूरी नहीं मानी जाएगी। डिलीवरी पूरी होने के बाद आपके नंबर पर एक डिजिटल कैश मेमो (SMS) भी आएगा, जिसमें पेमेंट और डिलीवरी डेट की पूरी जानकारी होगी। इस नियम का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब आपके नाम का सिलेंडर कोई और चोरी-छिपे नहीं ले जा सकेगा।
उज्ज्वला योजना वालों के लिए झटका: 9 की जगह अब सिर्फ 4 सिलेंडरों पर मिलेगी सब्सिडी
‘प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना’ के लाभार्थियों के लिए एक बहुत बड़ा और जरूरी अपडेट है। सरकार इस योजना के तहत पहले एक साल में 9 सिलेंडरों पर 300 रुपये की सब्सिडी देती थी।
लेकिन, मिडिल ईस्ट (खाड़ी देशों) में चल रहे तनाव और वैश्विक स्थितियों को देखते हुए सरकार ने सब्सिडी के गणित में बड़ा बदलाव किया है। जून 2026 से अब लाभार्थियों को सालाना 9 के बजाय सिर्फ 4 सिलेंडरों पर ही सब्सिडी का लाभ मिलेगा।
e-KYC नहीं कराया, तो रुक जाएगा पैसा
उज्ज्वला योजना के तहत जो सब्सिडी का पैसा सीधे आपके बैंक खाते में आता है, उसे जारी रखने के लिए सरकार ने e-KYC (ई-केवाईसी) कराना अनिवार्य कर दिया था। इसकी आखिरी तारीख 30 जून 2026 तय की गई थी।
जिन उपभोक्ताओं ने 30 जून तक अपना e-KYC का काम पूरा नहीं किया है, उनके खाते में आने वाली एलपीजी सब्सिडी अब रुक सकती है। इसलिए अगर आपका यह काम अटका हुआ है, तो तुरंत अपनी गैस एजेंसी से संपर्क करें।
क्या आपके घर में PNG और LPG दोनों हैं? तो जान लें ये नया नियम
पेट्रोलियम मंत्रालय ने पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) इस्तेमाल करने वालों के लिए भी एक कड़ा नियम लागू किया है। कई घरों में देखा गया है कि उनके पास पाइप वाली गैस (PNG) का कनेक्शन भी होता है और वे एलपीजी सिलेंडर भी बुक करते हैं।
नए नियम के अनुसार, अब ऐसा नहीं चलेगा। अगर आपके घर में पीएनजी कनेक्शन चालू है, तो आपको 30 दिनों के अंदर अपना एलपीजी (LPG) सिलेंडर वापस जमा करना होगा। जब आप सिलेंडर जमा करेंगे, तो गैस एजेंसी आपको एक ‘ट्रांसफर वाउचर’ देगी। भविष्य में अगर आप किसी ऐसे शहर या इलाके में शिफ्ट होते हैं जहां पीएनजी की सुविधा नहीं है, तो आप उस वाउचर को दिखाकर दोबारा एलपीजी कनेक्शन आसानी से चालू करवा सकते हैं।
पीएनजी (PNG) का बिल नहीं भरा या पाइपलाइन तोड़ी तो क्या होगा?
जो लोग पाइप वाली गैस (PNG) का इस्तेमाल करते हैं, उनके लिए बिलिंग और मेंटेनेंस के नियम भी सख्त कर दिए गए हैं:
बिल जमा न करने पर: अगर कोई उपभोक्ता लगातार 2 महीने तक अपने पीएनजी गैस का बिल नहीं भरता है, तो उसका गैस कनेक्शन काट दिया जाएगा। जब आप पूरा बकाया बिल जमा कर देंगे, उसके बाद ही कनेक्शन दोबारा चालू किया जाएगा।
नुकसान की भरपाई: अगर आपके घर में लगी पीएनजी पाइपलाइन में कोई टूट-फूट होती है या कोई जानबूझकर गैस के वाल्व (Valve) को नुकसान पहुंचाता है, तो उसे ठीक कराने का पूरा खर्चा अब सीधे ग्राहक की जेब से ही जाएगा।











