Mossad Iran Plan: इसराइली मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मोसाद चीफ रोमन गॉफ़मैन ने दो वरिष्ठ अधिकारियों को पद से हटा दिया है। दोनों पर ईरान में सत्ता परिवर्तन के कथित ऑपरेशनल प्लान में भूमिका निभाने का दावा है।
Mossad News: इसराइल की खुफिया एजेंसी मोसाद को लेकर एक बड़ा दावा सामने आया है। इसराइली मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मोसाद के प्रमुख रोमन गॉफ़मैन ने एजेंसी के दो वरिष्ठ अधिकारियों को उनके पदों से हटा दिया है। दावा किया जा रहा है कि दोनों अधिकारियों ने ईरान की सरकार को सत्ता से हटाने के लिए तैयार किए गए एक कथित ऑपरेशनल प्लान में अहम भूमिका निभाई थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह योजना अपने उद्देश्य को हासिल करने में नाकाम रही, जिसके बाद दोनों अधिकारियों को उनके पदों से हटाया गया।
ईरान में सत्ता परिवर्तन की थी कथित योजना
इसराइली चैनल-12 की रिपोर्ट के अनुसार, हटाए गए अधिकारियों में से एक दिसंबर 2015 से मोसाद के इंटेलिजेंस डिपार्टमेंट का प्रमुख था। वहीं दूसरा अधिकारी एजेंसी के ईरान मामलों से जुड़े विभाग का प्रमुख बताया जा रहा है।
हालांकि, रिपोर्ट में दोनों अधिकारियों के नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। बताया जा रहा है कि दोनों अधिकारियों ने ईरान में सत्ता परिवर्तन के लिए एक ऑपरेशनल प्लान तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
कुर्द समूहों और विरोध प्रदर्शनों का इस्तेमाल करने की रणनीति?
इसराइली मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कथित योजना में ईरान के भीतर मौजूद कुर्द समूहों की मदद लेने और देशभर में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शनों को बढ़ावा देने की रणनीति शामिल थी।
रिपोर्ट में दावा किया गया है कि इस योजना का उद्देश्य ईरान की मौजूदा सरकार को कमजोर करना और अंततः सत्ता परिवर्तन की स्थिति पैदा करना था। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और इसराइली मीडिया रिपोर्ट्स में सामने आई जानकारी को उसी संदर्भ में देखा जाना चाहिए।
नेतन्याहू ने ट्रंप को दिखाई थी योजना?
इसराइली मीडिया के मुताबिक, कथित योजना का जिक्र पहले द न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट में भी किया गया था। रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को भी इस योजना के बारे में जानकारी दी थी। बताया गया है कि उस समय नेतन्याहू ट्रंप को ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के लिए राजी करने की कोशिश कर रहे थे।
योजना के समय डेविड बार्निया थे मोसाद चीफ
इस कथित ऑपरेशनल प्लान के तैयार होने के समय डेविड बार्निया मोसाद के प्रमुख थे। रिपोर्ट के मुताबिक, बार्निया के कार्यकाल के बाद जून 2026 में रोमन गॉफ़मैन ने मोसाद चीफ का पद संभाला। अब गॉफ़मैन द्वारा दो वरिष्ठ अधिकारियों को हटाए जाने की खबर ने इस कथित ईरान प्लान को लेकर नई चर्चा शुरू कर दी है।
कौन हैं रोमन गॉफ़मैन?
रोमन गॉफ़मैन ने जून 2026 में मोसाद प्रमुख के तौर पर डेविड बार्निया की जगह ली थी। उनके नेतृत्व में एजेंसी की ईरान से जुड़ी रणनीति और अभियानों पर खास नजर बनी हुई है। दो वरिष्ठ अधिकारियों को हटाने की खबर ऐसे समय सामने आई है जब इसराइल और ईरान के बीच तनाव लगातार अंतरराष्ट्रीय राजनीति का अहम मुद्दा बना हुआ है।
क्या था इस कथित प्लान का मकसद?
मीडिया रिपोर्ट्स में सामने आई जानकारी के अनुसार, कथित योजना का मुख्य उद्देश्य ईरान के भीतर राजनीतिक अस्थिरता पैदा करके सत्ता परिवर्तन की परिस्थितियां तैयार करना था।
इसके लिए कथित तौर पर तीन प्रमुख रणनीतियों पर जोर दिया गया था:
- ईरान में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शनों को बढ़ावा देना
- कुर्द समूहों की मदद लेना
- मौजूदा ईरानी सरकार के खिलाफ असंतोष को संगठित करना
हालांकि, इस पूरे दावे को लेकर मोसाद या इसराइली सरकार की ओर से आधिकारिक तौर पर विस्तृत पुष्टि सामने नहीं आई है।
क्यों अहम है यह खबर?
मोसाद दुनिया की सबसे चर्चित खुफिया एजेंसियों में से एक है और ईरान लंबे समय से इसराइल की सुरक्षा रणनीति के केंद्र में रहा है। ऐसे में ईरान में सत्ता परिवर्तन से जुड़ी कथित योजना और उसमें शामिल अधिकारियों पर कार्रवाई की रिपोर्ट काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
अगर मीडिया रिपोर्ट्स में किए गए दावे सही साबित होते हैं, तो यह इसराइल की ईरान नीति और मोसाद की रणनीतिक योजना को लेकर कई सवाल खड़े कर सकता है।
Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी इसराइली मीडिया रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। कथित योजना, उसके विफल होने और अधिकारियों को हटाए जाने के कारणों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं की गई है।












