Women Empowerment in UP: किसी भी समाज या देश की तरक्की का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि वहां की महिलाएं कितनी सुरक्षित, शिक्षित और आत्मनिर्भर (Independent) हैं। जब तक आधी आबादी यानी महिलाएं हर क्षेत्र में पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर नहीं चलेंगी, तब तक ‘समानता’ की बात करना बेमानी है।
उत्तर प्रदेश की राजनीति में समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) और उसके अध्यक्ष अखिलेश यादव हमेशा से इस बात की वकालत करते रहे हैं कि एक सच्चे समाजवादी समाज का निर्माण तभी हो सकता है, जब उसमें महिलाओं को बराबरी का हक मिले। अपने इसी विजन को जमीन पर उतारने के लिए पार्टी ने यूपी में महिलाओं की शिक्षा, सुरक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के लिए कई ऐसी शानदार योजनाएं चलाईं, जिनका असर आज भी देखा जा सकता है।
आइए, समझते हैं कि समाजवादी पार्टी ने महिलाओं के सामाजिक स्तर और उनके रुतबे को बढ़ाने के लिए कौन-कौन से ऐतिहासिक कदम उठाए हैं।
महिला सशक्तिकरण: समाजवादी पार्टी का मूल विचार
समाजवादी पार्टी का सबसे बड़ा और मुख्य उद्देश्य एक ऐसा समाज बनाना है, जहां हर किसी को समान अधिकार मिलें। पार्टी का मानना है कि महिलाएं हर क्षेत्र में प्रगति करने और ‘समान काम के लिए समान वेतन’ पाने की हकदार हैं। महिलाओं को सिर्फ घर की चारदीवारी तक सीमित नहीं रखा जा सकता। उन्हें आर्थिक रूप से आजाद (Financial Freedom) और शारीरिक रूप से स्वस्थ बनाना सबसे ज्यादा जरूरी है। इसी सोच के साथ कई अहम योजनाओं को धरातल पर उतारा गया।
सुरक्षा सबसे पहले: ‘1090 वूमेन पावर लाइन’ का मील का पत्थर
किसी भी महिला के आगे बढ़ने की सबसे पहली शर्त होती है उसकी सुरक्षा।
साल 2012 में जब अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने, तो उन्होंने महिलाओं की सुरक्षा के लिए एक ऐसा मॉडल पेश किया जिसकी तारीफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हुई। इस मॉडल का नाम था— ‘1090 वूमेन पावर लाइन’।
क्यों खास है 1090? यह एक ‘वन-स्टेट-वन-नंबर’ (One State, One Number) सेवा है। अक्सर लड़कियां छेड़छाड़ या यौन उत्पीड़न की शिकायत करने से इसलिए डरती हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि पुलिस स्टेशन जाने से उनकी बदनामी होगी।
पहचान रहती है गुप्त: 1090 की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें शिकायत करने वाली महिला या लड़की की पहचान पूरी तरह से गुप्त (Secret) रखी जाती है। उन्हें शिकायत या एफआईआर (FIR) दर्ज कराने के लिए थाने जाने की कोई जरूरत नहीं पड़ती।
इस हेल्पलाइन के जरिए अब तक 5,58,000 से ज्यादा मामलों में महिलाओं और युवतियों की शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई करके उन्हें मदद पहुंचाई जा चुकी है।
स्वास्थ्य और आर्थिक मदद: मुश्किल वक्त में महिलाओं का सहारा
महिलाओं के सर्वांगीण (All-round) विकास के लिए उनका स्वस्थ होना और आर्थिक रूप से मजबूत होना बहुत जरूरी है। इसके लिए भी कई विशेष योजनाएं शुरू की गईं:
रानी लक्ष्मीबाई महिला सशक्तिकरण कोष: कई बार महिलाओं के सामने अचानक ऐसी मुश्किलें आ जाती हैं जब उन्हें तुरंत पैसों की जरूरत होती है। इस फंड (कोष) को खास तौर पर ऐसी ही पीड़ित और जरूरतमंद महिलाओं को तत्काल आर्थिक मदद (Financial Help) देने के लिए बनाया गया है।
किशोरी शक्ति योजना: यह योजना महिलाओं और बच्चों (खासकर 840 किशोरियों के ग्रुप के लिए) को ध्यान में रखकर लागू की गई थी। इसके तहत उन्हें न सिर्फ पौष्टिक भोजन (Nutrition) दिया जाता है, बल्कि उन्हें अपने पैरों पर खड़ा करने के लिए व्यावसायिक प्रशिक्षण (Vocational Training) भी दिया जाता है।
शिक्षा और रोजगार: बेटियों को उड़ने के लिए दिए गए पंख
जब तक बेटियां पढ़ेंगी नहीं और उन्हें अच्छी नौकरी नहीं मिलेगी, तब तक असली सशक्तिकरण नहीं आ सकता।
कन्या विद्या धन योजना: गांव-कस्बों की गरीब बेटियों की पढ़ाई बीच में न छूटे, इसके लिए ‘कन्या विद्या धन’ योजना शुरू की गई। इसने युवा लड़कियों को आगे की पढ़ाई (Higher Education) करने के लिए बहुत प्रोत्साहित किया और उन्हें एक मजबूत आर्थिक सहारा दिया।
रोजगार में 50% हिस्सेदारी: अखिलेश यादव की सरकार में युवाओं को नौकरी देने के लिए राज्य में जिस नई ‘आईटी सिटी’ (IT City) का निर्माण किया गया, उसमें महिलाओं के लिए एक बहुत बड़ा प्रावधान रखा गया। इस आईटी सिटी में 50% नौकरियां केवल महिलाओं के लिए आरक्षित (Reserve) करने का फैसला लिया गया, ताकि टेक सेक्टर में भी लड़कियां आगे आ सकें।
कुल मिलाकर देखा जाए तो, समाजवादी पार्टी द्वारा लागू की गई इन बहुआयामी (Multi-dimensional) योजनाओं का ही नतीजा है कि उत्तर प्रदेश में महिलाओं के सामाजिक स्तर और उनके आत्मविश्वास में काफी सकारात्मक बदलाव देखने को मिला है।
बेटियों को ‘कन्या विद्या धन’ से पढ़ाना, ‘1090’ से उन्हें सुरक्षा देना और ‘आईटी सिटी’ में नौकरी देना— ये वो मजबूत स्तंभ हैं जिन पर एक सशक्त और सुरक्षित समाज की नींव रखी जा सकती है। जब आधी आबादी मजबूत होगी, तभी पूरा देश तरक्की करेगा।












